पंचांग 28 नवंबर 1985

तिथि और स्थान चुनें — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि, नक्षत्र, योग, करण, राहु काल और चौघड़िया। गणना आपके फ़ोन पर ही होती है।

स्थान
तिथि (तारीख)

28 नवंबर 1985 · गुरुवार

पुणे — Pune, Maharashtra · समय इस स्थान के समय-क्षेत्र में (Asia/Kolkata)

इस महीने का पंचांग (कैलेंडर)
सूर्योदय06:48
सूर्यास्त17:56
चंद्रोदय18:31
चंद्रास्त07:21
मास:
कार्तिक (अमांत) · मार्गशीर्ष (पूर्णिमांत)
संवत:
शक 1907 · विक्रम (चैत्रादि) 2042
संवत्सर:
क्रोधन (शक-आधारित, महाराष्ट्र/दक्षिण परंपरा)
ऋतु · अयन:
शरद · दक्षिणायन
सूर्य राशि:
वृश्चिक
चंद्र राशि:
वृषभ

पंचांग के अंग — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

वार
गुरुवार
तिथि
कृष्ण प्रतिपदा 20:36 तक, फिर कृष्ण द्वितीया 22:43 (29 नव॰) तक
नक्षत्र
रोहिणी 17:54 तक, फिर मृगशीर्ष 20:31 (29 नव॰) तक
योग
सिद्ध 01:30 (29 नव॰) तक, फिर साध्य 01:59 (30 नव॰) तक
करण
बालव 07:25 तक, फिर कौलव 20:36 तक, फिर तैतिल 09:42 (29 नव॰) तक

मुहूर्त-काल

  • अभिजित मुहूर्त12:00 – 12:44
  • राहु काल13:45 – 15:09
  • यमगंड06:48 – 08:12
  • गुलिक काल09:35 – 10:58

राहु काल, यमगंड और गुलिक परंपरा में नए शुभ कार्य के आरंभ के लिए टाले जाने वाले काल हैं — रोज़ के काम के लिए डरने का कारण नहीं।

चौघड़िया

दिन

  • शुभ(शुभ)06:48 – 08:12
  • रोग(वर्जित (परंपरा))08:12 – 09:35
  • उद्वेग(वर्जित (परंपरा))09:35 – 10:58
  • चर(सामान्य)10:58 – 12:22
  • लाभ(शुभ)12:22 – 13:45
  • अमृत(शुभ)13:45 – 15:09
  • काल(वर्जित (परंपरा))15:09 – 16:32
  • शुभ(शुभ)16:32 – 17:56

रात

  • अमृत(शुभ)17:56 – 19:32
  • चर(सामान्य)19:32 – 21:09
  • रोग(वर्जित (परंपरा))21:09 – 22:46
  • काल(वर्जित (परंपरा))22:46 – 00:22 (29 नव॰)
  • लाभ(शुभ)00:22 (29 नव॰) – 01:59 (29 नव॰)
  • उद्वेग(वर्जित (परंपरा))01:59 (29 नव॰) – 03:35 (29 नव॰)
  • शुभ(शुभ)03:35 (29 नव॰) – 05:12 (29 नव॰)
  • अमृत(शुभ)05:12 (29 नव॰) – 06:49 (29 नव॰)

पुस्तक: पंचांग स्थान, सूर्योदय, समय-क्षेत्र और अयनांश पर निर्भर है — संस्कार, पर्व या मुहूर्त के लिए प्रकाशित स्थानीय पंचांग से समय सत्यापित करें।

निरयन लाहिड़ी अयनांश; सूर्योदय-सूर्यास्त सूर्य-बिंब के ऊपरी किनारे से, वायुमंडलीय अपवर्तन सहित। प्रकाशित पंचांगों से 1–2 मिनट का अंतर संभव।

पुस्तक में:अध्याय 3 · जन्म-विवरण से कुंडली कैसे बनती है · पृष्ठ 22

अपनी कुंडली देखें